जानिए गुरुवार को क्या करें और क्या ना करें ??

Thumb new 13
Loading Likes...
वृहस्पतिवार हफ्ते में धर्म का दिन माना जाता है। इस दिन देव गुरु बृहस्पति और भगवान् विष्णु की पूजा की जाती है। ज्योतिर्विद पण्डित दयानन्द शास्त्री ने बताया कि ब्रह्मांड के सभी नौ ग्रहों में से गुरु (बृहस्पति) सबसे भारी ग्रह है।
गुरु ग्रह को कमजोर होने से शिक्षा में असफलता मिलती है। साथ ही धार्मिक कार्यों में रूचि कम होती है।
 भगवान् विष्णु की कथा अनुसार ऐसे कोई कार्य नहीं करने चाहिए जिससे आपके जीवन में दुःख ,और परेशानिया आये। इस दिन ऐसा कोई काम नहीं करना चाहिए जिससे कि शरीर या घर में हल्कापन आता हो। ऐसे कामों को करने से इसलिए मना किया जाता है क्योंकि ऐसा कार्यो को करने से गुरु ग्रह  का शुभ परिणाम कम हो जाता है । यानी कि गुरु के प्रभाव में आने वाले कारक तत्वों का प्रभाव कम हो जाता है।जिससे आपको इसके अशुभ परिणाम झेलने पड़ सकते है।
भगवान बृहस्‍पति का दिन है गुरुवार, ये दिन व्‍यक्ति के जीवन में शुभता लाता है ।
 इस दिन पीले वस्‍त्र पहनने चाहिए ।
गुरुवार के दिन इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदा जा सकता है। प्रॉपर्टी से जुड़े कामों में फायदा होता है ।
ध्यान रखें, इस दिन पूजा – पाठ से जुड़ा सामान नहीं खरीदना चाहिए ।
आंखों से जुड़ी कोई भी वस्‍तु, कोई शार्प ऑब्‍जेक्‍ट जैसे चाकू, कैंची, बर्तन आदि इस दिन नहीं खरीदना चाहिए ।
हर गुरूवार को *गुरू* के प्रथम *चौघडीये* में और गुरू की *होरा* में ,सूयोॅदय के प्रथम घंटे के अंदर नाखून काटने से उस सप्ताह में लाभ मिलता है
हर गुरूवार को सूयोॅदय के प्रथम घंटे में मस्तक पर *हल्दी* का साधारण लेप करके स्नान करने से अवश्य लाभ होता है।
1. ये ग्रह का शुभत्व इतना है कि हर शुभकायॅ में उसका *बलाबल* देखा जाता है।
2. गुरू का द्रव्य केसर हर प्रकार के मनोविकार दूर करता है।इसलिये हमारे *मस्तक पर  केसर का तिलक लगाते है*।
3. हर गुरूवार को पीली *चने की दाल* की सब्जी बनाकर जीवनसाथी को खिलाने से दांम्पत्य जीवन में प्रेमबढता है।
4. गुरू *ज्ञान का कारक* होने के कारण केसर का तिलक विधाथीॅओं  के विधाभ्यास में ज्ञान और बुद्धि को बढावा देता है।
5. गुरू *पीला रंग* का कारक ग्रह है, पीला रंग देखने से आलस दूर होती है, याददाश्त तेज होती है ।
6. गुरूवार को घर से *राई का दाना खा कर निकलना चाहीये* ।ये शकुन माना जाता है।
7. गुरूवार के दिन घर में *भारी वजन* वाला कायॅ ना करे जैसे कि बॅडसीट,पदेॅ धोना,भारी सामान हटाना,भारी साफसफाई करना वगैरा ।क्यूं कि ऐसा करने से गुरू वजन में *हलका* होता है ईसलिये निबॅल बनता है ।और हमारी *कुंडली* में बहुत से खाते वो संभाले हुऐ है ।
8.  *ईशान कोण* का मालिक गुरु है और गुरु हलका होने से विद्याथीॅ के अभ्यास में हानी होती है ।मतलब इस कोने में भारी वज़न रखने से गुरु अशुभ फल देने लगता है । वजनदार सामान यहां ना रखें ।
9. निबॅल गुरु को बलवान करने के लिए *साधु और सौभाग्यवती* स्त्री को पीले वस्त्र का दान गुरूवार को करें ।
10.  गुरु को बलवान बनाने के लिए *सोना*(gold) पानी में रखकर स्नान करें ।
11. आपकी संतान की जल्दी *शादी* करने के लिए पानी में *हल्दी* डालकर स्नान करवाये ।
12. गुरुवार को एक अच्छे  आकार की *पीली कोडी* लेकर शुद्ध पानी से धोकर *पीले रेशमी वस्त्र*में रखकर तिजोरी में रखें ।धन की वृद्धि होती है ।
13.  *पीले पर्स* का उपयोग धन के लिए अच्छा है ।
14.  गुरुवार के दिन *चने की दाल* का भोजन में स्थान देने से परिवार में *प्रेम* बढ़ता है ।
15. स्त्री को *पीली चुड़ीयाॅ* धारण करने से जीवनसाथी के प्रेम में बढ़ोत्तरी होती हैं ।
16.  गुरुवार के दिन *विजय मुहूतॅ* सूर्यास्त के बाद लेना चाहिए ।
17. गुरुवार को *यात्रा* स्वास्थ्यप्रद और क्षेमकुशल रहती है ।
18. नया वस्त्र गुरुवार को पहनने से *ज्ञान की वृद्धि* होती है ।
19.   गुरुवार का दिन *विवाह* के लिए श्रेष्ठ है।
आइये जाने गुरुवार के दिन किन कार्यों को नहीं करना चाहिए :
1. भूलकर भी ना धोएं बाल —
शास्त्रों के अनुसार गुरुवार के दिन महिलाओं को बाल नहीं धोने चाहिए। क्योंकि स्त्रियों की जन्मकुंडली में बृहस्पति पति और संतान का कारक होता है। और अकेले बृहस्पति ग्रह के खराब होने के पति और संतान पर संकट आ सकता है। गुरुवार के दिन बाल धोना बृहस्पति को कमजोर करता है जिससे उसके शुभ प्रभावों में कमी आ जाती है। इसीलिए वीरवार के दिन बाल नहीं धोने चाहिए। और न ही कटवाने चाहिए। इससे पति और संतान के जीवन पर प्रभाव पड़ेगा और उनकी उन्नति बाधित होगी।
2. नाख़ून काटना और शेविंग करना :-
पुराणों व् शास्त्रों में गुरु ग्रह को जीव कहा गया है अर्थात जीवन। और जीवन से अर्थ है आयु। बृहस्पतिवार के दिन नाख़ून काटने और शेविंग करने से भी बृहस्पति ग्रह कमजोर होता है जिससे जीवन पर दुष्प्रभाव पड़ता है। साथ ही आयु पर भी इसका फर्क पड़ता है।
3. घर की अधिक साफ़ सफाई :-
जिस तरह बृहस्पति ग्रह का प्रभाव हमारे शरीर पर पड़ता है उसी प्रकार घर भी उसका उतना ही प्रभाव पड़ता है। वास्तु के मुताबिक ईशान कोण गुरु ग्रह का होता है। और ईशान कोण का सम्बन्ध परिवार के बच्चो से होता है। इसके अलावा घर के पुत्र संतान का संबंध भी इसी दिशा से होता है। ईशान कोण को धर्म और शिक्षा की दिशा भी कहा जाता है। इसीलिए इस दिन कपडे धोना, कबाड़ घर से निकालना, घर को धोना आदि नहीं करना चाहिए। इस दिन साबुन का इस्तेमाल बिलकुल नहीं करना चाहिए। इससे घर के बच्चो और सदस्यों की शिक्षा और धर्म पर अशुभ प्रभाव पड़ते है।
4. प्रमोशन पर पड़ सकता है प्रभाव :-
जन्मकुंडली में गुरु ग्रह बहुत प्रबल होता है जिसके कारण उन्नति और तरक्की के सभी रस्ते खुलते रहते है। लेकिन यदि भूलकर भी ऐसे कार्यों को किया गया जो गुरु ग्रह को कमजोर करते है तो उसका प्रभाव आपके भविष्य अपर पड़ेगा और आपके प्रमोशन में रुकावटें भी आ सकती है।
5. इस तरह हो सकती है धन की कमी :-
जन्मकुंडली में दूसरा और ग्यारहवां भाव धन का होता है। और गुरु ग्रह इन दोनों ही स्थानों का कारक ग्रह होता है। बृहस्पतिवार को गुरु ग्रह को कमजोर करने वाले काम करने से धन की वृद्धि रुक आजाती है। और धन लाभ की जो स्थितियां बन रही होती है उनमे भी रुकावटें आने लगती है।
इस दिन लक्ष्मी नारायण की पूजा करने का भी विधान है।  आप उनका पूजन करके भी गुरु देव बृहस्पति को प्रसन्न कर सकते है। इससे आपके घर में धन की वृद्धि भी होगी।
गुरुवार के दिन सुबह शाम करें यह काम—-
गुरुवार के दिन सूर्योदय से पहले उठकर स्नान ध्यान करें और घी का दीप जलाकर भगवान विष्णु की पूजा करें। इसके बाद विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें।
शाम के समय केले के वृक्ष के नीचे दीपक जलाकर लड्डू या बेसन की मिठाई अर्पित करें और लोगों में बांट दें।
इस तिलक से बनाएं गुरु को अनुकूल—-
गुरुवार के दिन भगवान की पूजा के बाद केसर का तिलक लगाएं। अगर केसर उपलब्ध नहीं हो तब हल्दी का तिलक भी लगा सकते हैं।
इस दिन नहीं करें यह काम—
गुरु का प्रभाव धन पर होता है। अगर कोई गुरुवार के दिन आपसे धन मांगने आता है तो लेन देने से बचें। गुरुवार को धन देने से आपका गुरु कमजोर हो जाता है, इससे आर्थिक परेशानी बढ़ती है।
गुरु की कृपा प्राप्त करें—
गुरुवार के दिन माता पिता एवं गुरु का आशीर्वाद लें। इनका आशीर्वाद गुरु ग्रह का आशीर्वाद माना जाता है। इनकी प्रसन्नता के लिए पीले रंग के वस्त्र उपहार स्वरुप दें।
Astrolok is one of the best astrology institute where you can learn vedic astrology, marriage astrology, nadi astrology, horoscope matching through live vedic astrology classes. It is a free platform to write astrology articles. Become a part of it by registering at https://astrolok.in/my-profile/register/

Related Posts

Leave a comment